आदि भारत। मुंबई (महाराष्ट्र)
मुंबई: राज्य में शनिवार को आयोजित शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के दौरान कोल्हापुर में पेपर लीक का एक बड़ा घोटाला सामने आया है। कागल तालुका की मुरगुड पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करते हुए इस रैकेट का भंडाफोड़ किया है और मुख्य सरगना महेश गायकवाड़ समेत कुल 18 लोगों को गिरफ्तार किया है। जाँच में चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है कि गिरफ्तार लोगों में पाँच शिक्षक भी शामिल हैं। एलईए ने इसे लेकर शिक्षा जगत में बड़ी हलचल मचा दी है।
खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने सोंगे स्थित एक फ़र्नीचर मॉल पर छापा मारा। पता चला कि टीईटी परीक्षा के नकली पेपर इच्छुक उम्मीदवारों को तीन लाख रुपये में बेचे जा रहे थे। शुरुआत में नौ लोगों को हिरासत में लेने के बाद, जाँच का दायरा बढ़ा और पता चला कि इस रैकेट का दायरा उम्मीद से कहीं ज़्यादा बड़ा था। आखिरकार, 18 लोगों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की गई। चूँकि गिरफ़्तार लोगों में कुछ शिक्षक भी शामिल थे, इसलिए शिक्षा विभाग ने तुरंत उनकी जानकारी माँगी है और आगे की कार्रवाई की तैयारी चल रही है।शनिवार को राज्य भर में लाखों छात्र टीईटी परीक्षा दे रहे थे। अधिकांश केंद्रों पर परीक्षा सुचारू रूप से चल रही थी, लेकिन कोल्हापुर में पेपर लीक की सूचना मिलने के बाद शिक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया। पता चला है कि आरोपियों का संबंध कागल और राधानगरी इलाके से है। इस मामले में और नए संदिग्धों के सामने आने की संभावना है और मुरगुड पुलिस के साथ स्थानीय अपराध जांच दल रात भर जांच में जुटा है। पुलिस ने संभावना जताई है कि इस रैकेट का दायरा सिर्फ कोल्हापुर तक ही सीमित नहीं है, बल्कि पूरे राज्य में फैला हुआ है। टीईटी जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा पर सवाल उठाने वाली इस घटना से राज्य भर के उम्मीदवारों में रोष की लहर दौड़ गई है और शिक्षा विभाग को इस मामले में सख्त कदम उठाने होंगे।