भेल कंपनी की जगह पर रेल कंपनी शुरू करें - सांसद डा. प्रशांत पडोले ने रेल मंत्री से मिलकर उठाया मुद्दा

     आदि भारत। गोंदिया महाराष्ट्र 
भेल परियोजना फिर से चर्चा में आ गई है। पहले विधायक परिणय फुके ने इस परियोजना में संपादित की गई किसानों की जमीनों को वापस लौटाने का प्रयास किया और अब सांसद डा. प्रशांत पडोले ने भेल का मुद्दा उठाते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर बंद पड़ी भेल कंपनी की जगह पर रेल फैक्ट्री शुरू की जाए ताकि गोंदिया-भंडारा जिले के युवाओं को रोजगार मिल सके। 
बता दें कि वर्ष 2012-13 में सांसद प्रफुल पटेल के प्रयास से साकाेली क्षेत्र में भेल परियोजना को मंजूरी मिली। जिसमें लगभग 480 एकड़ जमीन संपादित की गई थी। लेकिन विभिन्न कारणों के चलते भेल परियोजना अधर में ही लटक गई। जिससे इस परियोजना में जिन किसानों की जमीन संपादित की गई, उन्हे मुआवजा तो मिला, लेकिन गोंदिया भंडारा जिले को कोई फायदा होते हुए दिखाई नहीं दिया। 3 माह पूर्व ही विधायक परिणय फुके ने अधर में लटकी भेल कंपनी में जिन किसानों की जमीन संपादित की गई है, उन्हे वापस लौटाने का प्रयास किया इस मुद्दे से यह भेल परियोजना फिर से चर्चा में आ गई। अब सांसद डा. प्रशांत पडोले ने बंद पड़ी भेल परियोजना की जगह पर रेल फैक्ट्री शुरू कराने की मांग करते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात की हैं। सांसद पडोले का कहना है कि पिछले एक दशक से भेल परियोजना अधर में लटकी है। जिसके चलते औद्योगिक निवेश, रोजगार के अवसर और आर्थिक विकास के बड़े लाभों से वंचित होना पड़ रहा है, जो युवाओं और उद्योगों  की प्रगति के लिए बाधा निर्माण हो रही है। जिसे देखते हुए इस परियोजना की जगह पर अत्याधुनिक रेल निर्माण इकाई स्थापित की जाए, जो भारतीय रेल की आवश्यकताओं को पुरा कर सकेंगी। साथ ही गोंदिया-भंडारा क्षेत्र की अर्थ व्यवस्था को नई दिशा प्रदान करेंगी और हजारों युवाओं को रोजगार उपलब्ध हो सकेगा। इस तरह से फिर से भेल परियोजना चर्चा में आ गई है।